भारत में छोटे और मध्यम व्यापारों (Small Businesses) को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय (Ministry of MSME) ने उद्यम रजिस्ट्रेशन (Udyam Registration) पोर्टल की शुरुआत की है। इसे पहले 'उद्योग आधार' (Udyog Aadhaar) के नाम से जाना जाता था। यह किसी भी व्यवसाय के लिए एक सरकारी मान्यता प्राप्त पहचान पत्र (Certificate) है, जिसकी मदद से आप बिना गारंटी के लोन, सरकारी टेंडर में छूट और अनेक प्रकार की सब्सिडी प्राप्त कर सकते हैं। यह भारत के 6 करोड़ से ज़्यादा छोटे व्यापरियों के लिए सबसे महतवपूर्ण सरकारी दस्तावेज़ है।
Udyam Registration पूरी तरह से पेपरलेस (Paperless) और मुफ्त (Free of Cost) प्रक्रिया है। इसे ऑनलाइन करने के लिए केवल आधार कार्ड (Aadhaar Card) और पैन कार्ड (PAN Card) की आवश्यकता होती है। यह उन सभी लोगों के लिए अनिवार्य और बेहद फायदेमंद है जो अपना खुद का मैन्युफैक्चरिंग प्लांट, दुकान, ट्रेडिंग, या कोई भी सर्विस बिज़नेस चला रहे हैं। चाहे आप घर से पापड़-अचार का बिज़नेस करते हों, या आपकी कोई बड़ी फैक्ट्री हो, यह रजिस्ट्रेशन सभी के लिए है। सरकार ने इसे MSME (Micro, Small and Medium Enterprises) का दर्जा दिया है।
भारत सरकार की CGTMSE (Credit Guarantee Fund Trust for Micro and Small Enterprises) योजना के तहत MSME रजिस्टर्ड व्यवसायों को बैंकों से बिना किसी संपत्ति (Security/Collateral) गिरवी रखे लोन मिल जाता है। अगर आप एक छोटा व्यापार शुरू कर रहे हैं, तो सरकार आपकी गारंटी बैंक को देती है। मुद्रा लोन (Mudra Loan) प्राप्त करने में भी MSME सर्टिफिकेट को सबसे ज़रूरी दस्तावेज़ माना जाता है।
MSME रजिस्टर्ड कंपनियों को आम ब्याज दर की तुलना में 1% से 1.5% तक कम ब्याज दर (Lower Interest Rates) पर बैंक से ऋण (Loan) मिलता है। इससे व्यवसायों को अपने मुनाफे का बड़ा हिस्सा बैंक के ब्याज में जाने से बचाने में मदद मिलती है, जिससे वे अपने बिज़नेस को तेज़ी से बढ़ा सकते हैं।
यदि आप उत्पादन (Manufacturing) का काम करते हैं या कोई ऐसी फैक्ट्री चलाते हैं जहाँ भारी मात्रा में बिजली की खपत होती है, तो MSME सर्टिफिकेट दिखाकर राज्य सरकार के बिजली विभाग से बिजली की दरों में विशेष सब्सिडी (Concession) प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए आपको सिर्फ एक एप्लीकेशन के साथ अपना MSME सर्टिफिकेट लगाना होता है।
छोटे व्यापारियों की सबसे बड़ी समस्या होती है उनका पैसा बाज़ार में फंस जाना। MSME समाधान पोर्टल (samadhaan.msme.gov.in) के तहत, यदि कोई खरीदार या कंपनी 45 दिन के भीतर आपका पेमेंट नहीं करता है, तो आप सरकार से सीधे ऑनलाइन शिकायत कर सकते हैं। नियम के अनुसार खरीदार को भारी कंपाउंड ब्याज (Compound Interest) के साथ पैसा चुकाना होगा।
जब कोई कंपनी अपनी क्वालिटी साबित करने के लिए ISO Certification लेती है, तो उसमें बहुत खर्च आता है। उद्यम रजिस्ट्रेशन वाले व्यवसायों को सरकार ISO खर्चों की प्रतिपूर्ति (Reimbursement) करती है। इसके अलावा अपने ब्रांड का ट्रेडमार्क, पेटेंट या बारकोड (Barcode) लेने पर सरकार MSME को 50% से 80% तक की सब्सिडी प्रदान करती है।
भारत सरकार और राज्य सरकारें हर साल लाखों करोड़ का सामान खरीदती हैं। MSME वालों को सरकारी टेंडर भरते समय बयाना राशि (EMD - Earnest Money Deposit) देने से पूरी छूट मिलती है। इसके अलावा, कई टेंडर तो विशेष रूप से सिर्फ MSME सेक्टर के लिए रिज़र्व रखे जाते हैं।
जुलाई 2020 के बाद सरकार ने MSME की परिभाषा बदल दी है और सर्विस एवं मैन्युफैक्चरिंग दोनों के लिए एक ही पैमाना रखा है। अब किसी भी व्यवसाय को सूक्ष्म (Micro), लघु (Small) या मध्यम (Medium) श्रेणी में रखने के लिए मशीनरी में निवेश (Investment) और सालाना टर्नओवर (Annual Turnover - कुल बिक्री) दोनों को देखा जाता है:
| व्यापार की श्रेणी (Enterprise Type) | मशीनरी/उपकरण में निवेश (Investment in Plant) | सालाना टर्नओवर (Annual Turnover) |
|---|---|---|
| सूक्ष्म (Micro Enterprise) | 1 करोड़ रुपये तक (≤ ₹1 Cr) | 5 करोड़ रुपये तक (≤ ₹5 Cr) |
| लघु (Small Enterprise) | 10 करोड़ रुपये तक (≤ ₹10 Cr) | 50 करोड़ रुपये तक (≤ ₹50 Cr) |
| मध्यम (Medium Enterprise) | 50 करोड़ रुपये तक (≤ ₹50 Cr) | 250 करोड़ रुपये तक (≤ ₹250 Cr) |
ध्यान दें: अगर आपका बिज़नेस इनमें से किसी भी एक सीमा को पार कर जाता है, तो आपका बिज़नेस आटोमेटिक रूप से अगली बड़ी केटेगरी में चला जायेगा।
ऑनलाइन उद्यम रजिस्ट्रेशन के लिए आपको किसी भी प्रकार के कागज़ या फोटो को अपलोड (Upload) करने की आवश्यकता नहीं होती है। यह भारत सरकार के अन्य विभागों (जैसे Income Tax और GST) से जुड़ा हुआ है, इसलिए यह पूरी तरह से ई-सत्यापन (e-Verification) पर आधारित है। फिर भी, फॉर्म भरते समय निम्नलिखित जानकारी आपके पास होनी चाहिए:
अगर आप अपना उद्यम रजिस्ट्रेशन खुद करना चाहते हैं, तो नीचे दिए गए 5 आसान चरणों (Steps) का पालन करें। इसके लिए आपको किसी साइबर कैफ़े या CA को पैसे देने की कोई ज़रूरत नहीं है।
सबसे पहले आपको भारत सरकार के MSME मंत्रालय के आधिकारिक पोर्टल udyamregistration.gov.in पर जाना होगा।
सावधान: इंटरनेट पर सर्च करते समय UdyamRegistration.org या UdyogAadhar.in जैसी सैकड़ों फर्जी (Fake) प्राइवेट वेबसाइट्स आ जाती हैं जो आपसे 1000 रुपये से लेकर 3000 रुपये तक की रजिस्ट्रेशन फीस मांगती हैं। उद्यम पोर्टल हमेशा .gov.in पर ही खत्म होता है और यह 100% फ्री है।
होमपेज पर पहुँचने के बाद, आपको सबसे पहला ही बड़ा बटन दिखेगा जिस पर लिखा होगा: "For New Entrepreneurs who are not Registered yet as MSME or those with EM-II". इस बटन (लिंक) पर क्लिक करें।
अगले पेज पर आपको अपना 12 अंकों का आधार नंबर (Aadhaar Number) और आधार कार्ड पर लिखा अपना बिल्कुल सही नाम (Name of Entrepreneur) दर्ज करना होगा।
उसके बाद "Validate & Generate OTP" बटन पर क्लिक करें। आपके उस मोबाइल नंबर पर 6 अंकों का OTP आएगा जो आपके आधार कार्ड से लिंक है। OTP दर्ज करें और वेरीफाई बटन दबाएं।
आधार वेरीफाई होने के बाद सिस्टम आपसे पूछेगा कि आपका बिज़नेस किस प्रकार का है (जैसे- प्रोपराइटरी, प्राइवेट लिमिटेड, या पार्टनरशिप)। उसे चुनें और अपना PAN नंबर डालकर "Validate PAN" पर क्लिक करें।
सिस्टम आटोमेटिक इनकम टैक्स के डेटाबेस से आपके पैन को वेरीफाई कर लेगा। इसके बाद एक लम्बा Udyam Registration Form खुलेगा। इसमें आपको:
सभी जानकारियों को दो बार चेक कर लें ताकि कोई गलती न हो, फिर पेज के अंत में "Submit and Get Final OTP" पर क्लिक करें। आपको एक अंतिम OTP प्राप्त होगा जिसे डालने के बाद फॉर्म सबमिट हो जाएगा।
आपकी स्क्रीन पर एक सक्सेस मैसेज आएगा जिसमें आपका 'Udyam Registration Number' (URN) लिखा होगा। (जैसे: UDYAM-UP-00-XXXXXXX)।
सर्टिफिकेट प्रिंट कैसे करें?
फॉर्म भरने के लगभग 2 से 3 दिन बाद आप वापस इसी वेबसाइट पर आएं, और ऊपर मेनू में "Print/Verify" -> "Print Udyam Certificate" पर क्लिक करें। अपना URN नंबर और मोबाइल नंबर डालकर आप अपना MSME सर्टिफिकेट (सॉफ्ट कॉपी) PDF फॉर्मेट में डाउनलोड कर सकते हैं। इसे प्रिंट करवा कर अपनी दुकान या फैक्ट्री में लगा लें।
सावधान रहें और फ्रॉड से बचें: उद्यम रजिस्ट्रेशन भारत सरकार द्वारा बिल्कुल मुफ्त (100% Free of Cost) सेवा है। इंटरनेट पर Google सर्च करते समय कई प्राइवेट कंसल्टेंट और फर्जी वेबसाइट्स (जिन्हें देखने पर लगता है कि वो सरकारी वेबसाइट हैं) सबसे ऊपर विज्ञापन (Ad) के रूप में दिखाई देती हैं और Udyam/MSME रजिस्ट्रेशन करने के नाम पर ₹1000 से लेकर ₹5000 तक की फीस मांगती हैं। कृपया ऐसे किसी एजेंट या वेबसाइट को पैसा न दें। केवल आधिकारिक वेबसाइट (udyamregistration.gov.in) का ही उपयोग करें।
डिस्क्लेमर: यह लेख (Article) जन-जागरूकता और जानकारी साझा करने के उद्देश्य से पब्लिश किया गया है। यह MSME मंत्रालय की कोई आधिकारिक वेबसाइट नहीं है। योजना, लोन, सब्सिडी और नियमों से जुड़े ताज़ा अपडेट्स, दिशा-निर्देश, और बदलाव के लिए कृपया भारत सरकार की ऑफिसियल वेबसाइट को ही प्रमाणित मानें।
उद्यम रजिस्ट्रेशन की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
"For New Entrepreneurs" पर क्लिक करें।
आधार नंबर और उद्यमी का नाम डालकर OTP से वेरिफाई करें।
पैन कार्ड और बिज़नेस डिटेल्स डालकर फॉर्म सबमिट करें। उद्यम सर्टिफिकेट जनरेट हो जाएगा।
नहीं, यह सरकार की तरफ से बिल्कुल मुफ्त है।
बिना किसी रुकावट के सीधे सरकारी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करें।
नोट: किसी भी सरकारी सेवा के लिए हमेशा आधिकारिक वेबसाइट का ही उपयोग करें।
JanSarkari.com आपको सही और सटीक जानकारी प्रदान करने का प्रयास करता है। यदि आपको उद्यम रजिस्ट्रेशन (MSME) से जुड़ी कोई समस्या है, तो आप संबंधित विभाग के हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकते हैं।